बांसवाड़ा : मछली मारते समय युवक तालाब में डूबा, काफी मशक्कत के बाद मिला शव

बांसवाड़ा. सज्जनगढ़ इलाके में छोटा डूंगरा के पास तालाब पर मछली मारने गया एक ग्रामीण पानी में डूब गया। उसका शव काफी प्रयासों के बाद रविवार शाम करीब पांच बजे मिला। थानाधिकारी धनपतसिंह ने बताया कि डूंगरा चौकी अंतर्गत सोमजीपाड़ा गांव के 40 वर्षीय समसू पुत्र फूलजी डामोर के डूबने की इत्तला पर सुबह करीब दस बजे मिली। इस पर तहसीलदार महावीर जैन भी मौके पर पहुंचे। मुआयने के बाद बांसवाड़ा से एसडीआरएफ की टीम बुलवाई गई। टीम को दिनभर तलाश के बाद शाम करीब पांच बजे शव निकालने में सफलता मिली। बाद में शव बांसवाड़ा के एमजी अस्पताल भिजवाया गया।

VIDEO : जुआफाल में डूबे किशोर का 24 घंटे बाद मिला शव, गोताखोरों ने गहरे पानी से निकाला, देखें वीडियो...

14 अगस्त को निकला था घर से
मृतक के चाचा नानूलाल पुत्र कानजी डामोर ने रिपोर्ट दी। इसमें बताया कि समसु उसकी पत्नी चंपा को मछली मारने जाना कहकर 14 अगस्त को ही घर से निकल गया। दूसरे दिन तक नहीं लौटा तो तलाश की। इस दौरान गांव के श्यामलाल पुत्र मावजी डामोर ने बताया कि वह सुबह पांच बजे मछली मारने तालाब पर गया। उसके बाद वापस नहीं आने पर ग्रामीणों के साथ तालाब पर तलाश की। उसके बाद रविवार सुबह पुलिस को सूचना दी और तलाश पर शाम को शव मिला। इस पर पुलिस ने मर्ग दर्ज किया। अब सोमवार को पोस्टमार्टम करवाया जाएगा। गौरतलब है कि इस वर्षाकाल में डूबने से जिले में यह दूसरी मौत हुई है। इससे पहले दानपुर इलाके में तीन दिन पहले ही जुआफाल में कूदे एक किशोर की मौत हुई। उसके बाद मत्स्याखेट करते डूंगरा क्षेत्र में डूबने की यह घटना हुई है।

प्रतिबंध के बावजूद मछली मारने का शगल
ताज्जुब यह कि प्रजनन काल के चलते इन दिनों मत्स्याखेट पर प्रतिबंध है। इसके चलते जिले के तकरीबन सभी थानों की पुलिस अपने-अपने इलाकों में सक्रिय हैं। दो दर्जन से ज्यादा केस भी बनाए जा चुके हैं। बावजूद इसके मत्स्याखेट थम नहीं रहा और मछली मारने के शगल ने अब जानें लेना शुरू कर दी हैं।



source https://www.patrika.com/banswara-news/young-man-died-due-to-drowning-in-a-pond-in-banswara-6344072/

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